Ram- In every feeling of life.

जीवन के हर भाव मे 'राम'

सभी लोग दिन भर प्रभु श्री राम को किसी न किसी रूप में याद करते ही हैं और यही हमारे मुक्ति का साधन बनेगा।
आइए जानते हैं कि जीवन के हर भाव मे राम कैसे विराजे हुए हैं।

Pic Credit-Google


हे राम -(शोक,दुःख)

हाय राम -(आश्चर्य)

जय श्री राम -(विजयघोष)

जय राम जी की -(अभिवादन)

राम नाम सत्य है -(मुक्ति का मार्ग)

पतित के पावन सीताराम - (पाप से मुक्त करने वाला)

रामराज्य - (सर्वश्रेष्ठ शासन)

राम - (आदर्श के प्रतीक)

Friends, If you like this post,Kindly comment below the post and do share your response. Please don't forget to follow and subscribe this blog. Thanks for reading:)

1 comment:

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक' said...

सार्थक शब्दावली।
--
गणतन्त्र दिवस की पूर्वसंध्या पर हार्दिक शुभकामनाएँ।

Ram- In every feeling of life.

जीवन के हर भाव मे 'राम' सभी लोग दिन भर प्रभु श्री राम को किसी न किसी रूप में याद करते ही हैं और यही हमारे मुक्ति का साधन बनेगा। आइए ...